GLORY OF LORD RAMA




Tuesday, April 14, 2026

सुमति भूमि थल हृदय अगाधू। बेद पुरान उदधि घन साधू॥ बरषहिं राम सुजस बर बारी। मधुर मनोहर मंगलकारी॥ लीला सगुन जो कहहिं बखानी। सोइ स्वच्छता करइ मल हानी॥